जेडीयू के वरिष्ठ नेता और नीतीश कुमार के अच्छे दोस्त माने जाने वाले केसी त्यागी की यह मांग सामने आते ही उनकी ही पार्टी के तमाम नेता उनके पीछे पड़ गए. सबसे पहले जेडीयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने कहा- ‘हाल के दिनों में केसी त्यागी के कई बयान आए हैं. पार्टी का जो आधिकारिक स्टैंड है, जो हमारी नीतियां हैं, उससे ये बयान मेल नहीं खाते हैं. इसलिए उनके बयानों को निजी क्षमता में दिया गया बयान समझा जाना चाहिए. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि दरअसल वह पार्टी में हैं भी या नहीं यह पार्टी के लोगों और कार्यकर्ताओं को भी नहीं पता है. इसलिए उनकी तरफ से दिए गए बयानों को उनकी निजी क्षमता से दिया गया बयान समझा जाना चाहिए.’
इसके बाद जेडीयू के दूसरे प्रवक्ता नीरज कुमार मीडिया के सामने आए और उन्होंने भी केसी त्यागी के बयान पर आपत्ति जताई. नीरज कुमार ने कहा- ‘केसी त्यागी क्या बोलते हैं जनता का उससे कोई सरोकार नहीं है. नीतीश कुमार का व्यक्तित्व इतना विराट है कि केसी त्यागी की मांग की प्रतीक्षा संयुक्त राष्ट्र संघ के राउंड टेबल पर नहीं किया गया. नीतीश कुमार को क्लाइमेट लीडर कहा गया. नीतीश कुमार को ग्लोबल थिंकर कहा गया. वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में नीतीश कुमार का नाम दर्ज हुआ. मुफ्ती मोहम्मद सईद अवॉर्ड मिला. सावित्री बाई फूले पुरस्कार मिला. ये नीतीश कुमार का विराट व्यक्तित्व है. पुरस्कार उनके पीछे दौड़ता है, पुरस्कार के पीछे नीतीश कुमार व्यक्तित्व नहीं दौड़ता है. वो बयान दिए हैं, वो जानें, पार्टी का इससे कोई मतलब नहीं है.’
केसी त्यागी की तरफ से सीएम नीतीश के लिए भारत रत्न की मांग किए जाने पर विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय जनता दल ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है.आरजेडी के प्रवक्ता एजाज अहमद ने कहा- ‘मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को समाजवादी नेता बताकर केसी त्यागी साहब आप भारत रत्न की मांग कर रहे हैं. सबसे पहले ये बताइए कि भारतीय जनता पार्टी और उसके विचारों के साथ खुद को समाहित कर चुके नीतीश कुमार समाजवादी नेता कबके रहे. नीतीश कुमार सोच स्पष्ट रूप से सत्ता और स्वार्थ की रही है. समाजवादी विचारधारा को कमजोर करना नीतीश कुमार की उपलब्धि रही है. नीतीश कुमार की उपलब्धि रही है बिहार और देश में सांप्रदायिक शक्तियों को मजबूत बनाने की. नीतीश कुमार ने सांप्रदायिक शक्तियों को खाद पानी देने का काम किया है. आरएसएस की विचारधारा पर चलने वाली बीजेपी को नीतीश कुमार ने आगे बढ़ाने का काम किया है. केसी त्यागी कहीं नीतीश कुमार के लिए भारत रत्न मांग कर कहीं अपने लिए राज्य सभा की सीट सुरक्षित करना चाहते हैं.’इस बीच राष्ट्रीय जनता दल के प्रमुख लालू प्रसाद के लिए भी भारत रत्न की मांग कर दी गई है। उनके बड़े बेटे और जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने यह मांग कर दी है।
नीतीश को दें भारत रत्न
शनिवार को मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि भारत रत्न तो लालू प्रसाद यादव को भी मिलना चाहिए। जनशक्ति जनता दल की ये मांग है। नीतीश जी को भारत रत्न दें लोग। उन्होंने कहा कि मेरे पिता और नीतीश जी भाई-भाई की तरह रहे हैं तो दोनों भाइयों को भारत रत्न मिलना चाहिए।
गौरतलब है कि नीतीश कुमार को भारत रत्न दिए जाने की मांग पहले से भी होती रही है। बीते दो वर्षों में कई बार यह मांग उठ चुकी है।
केंद्रीय मंत्री एवं हम के संरक्षक जीतन राम मांझी ने भी कहा है कि नीतीश कुमार भारत रत्न के हकदार हैं। राज्यसभा सदस्य और जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष भी ऐसी मांग उठा चुके हैं।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान भी यह मांग दोहरा चुके हैं। 2024 में ही उन्होंने कहा था कि बिहार को विकसित राज्यों की श्रेणी मे खड़ा करने के लिए नीतीश जी का प्रयास अतुलनीय है। हालांकि चिराग पासवान अपने दिवंगत पिता रामविलास पासवान के लिए भी ऐसी मांग करते रहे हैं। भाजपा के फायर ब्रांड नेता और केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने भी कहा था कि नीतीश कुमार को भारत रत्न मिलना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी ऐसी मांग की थी। बहरहाल केसी त्यागी को यह मांग करना भारी पड़ गया है। पार्टी ने उनके बयान से किनारा कर लिया है।