मायावती का बजट पर प्रारंभिक बयान
बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने Union Budget 2026‑27 पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि बजट में योजनाओं और वादों की घोषणा तो की गई है, लेकिन असली सवाल यह है कि इनका असर जमीनी स्तर पर कितना दिखेगा। मायावती ने जोर देकर कहा कि केवल घोषणाएँ काफी नहीं हैं, बल्कि सही नीयत और ईमानदार अमल जरूरी है, जिससे आम जनता तक लाभ पहुँच सके।
गरीब और वंचितों के हित पर सवाल
मायावती ने बजट को सरकार की नीति और सोच का आईना बताया। उनके मुताबिक बजट से यह स्पष्ट होना चाहिए कि सरकार गरीब, वंचित और बहुजन समाज के हित में काम कर रही है या बड़े पूंजीपतियों को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने यह भी उठाया कि अगर सरकार आत्मनिर्भर भारत की बात करती है, तो सार्वजनिक क्षेत्र को कितना मजबूत किया गया और बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के संविधान की भावना पर कितना अमल हुआ।
वादों की जांच और आम लोगों का फायदा
मायावती ने पिछले बजट के वादों को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि यह देखना जरूरी है कि पिछले बजट के वादे कितने पूरे हुए और क्या आम लोगों की जिंदगी में वाकई कोई सकारात्मक बदलाव आया। उन्होंने कहा कि बजट सिर्फ घोषणाओं का संग्रह नहीं होना चाहिए, बल्कि इसका उद्देश्य सामाजिक न्याय, आर्थिक सशक्तिकरण और बहुजन समाज के लिए ठोस परिणाम देना होना चाहिए।