AI जनरेटेड आपत्तिजनक फोटो मामले में बिहार से युवक गिरफ्तार, IFSO की बड़ी कार्रवाई

Authored By: News Corridors Desk | 23 Mar 2026, 02:29 PM
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दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की IFSO यूनिट ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के अरवल जिले से एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान सिद्धनाथ कुमार के रूप में हुई है, जिस पर आरोप है कि उसने सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से बनाई गई आपत्तिजनक तस्वीर पोस्ट की थी। इस मामले में दिल्ली में शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की थी और तकनीकी सर्विलांस के जरिए आरोपी की लोकेशन ट्रेस कर उसे उसके गांव से गिरफ्तार किया गया।

पुलिस के अनुसार, आरोपी ने सिर्फ एक ही नहीं बल्कि कई भ्रामक तस्वीरें पोस्ट की थीं, जिनमें भारतीय जनता पार्टी की एक महिला विधायक और विदेश की एक महिला नेता की तस्वीरों को जोड़कर आपत्तिजनक और फेक कंटेंट तैयार किया गया था। जांच में सामने आया है कि इस कंटेंट का उद्देश्य लोगों को गुमराह करना और सोशल मीडिया पर भ्रम फैलाना था।

पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपी ने चार अलग-अलग फेसबुक आईडी का इस्तेमाल किया था, ताकि वह इस तरह की पोस्ट को ज्यादा से ज्यादा फैलाकर वायरल कर सके। इससे यह साफ होता है कि यह कोई एक बार की गलती नहीं बल्कि सुनियोजित तरीके से किया गया डिजिटल दुष्प्रचार था।

इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ऑनलाइन प्रतिबंधित गेम्स से जुड़ी गतिविधियों में भी शामिल था और अन्य लोगों को भी इसमें जोड़ने की कोशिश करता था। हालांकि इस पहलू की जांच अभी जारी है और पुलिस इस पूरे नेटवर्क की भी पड़ताल कर रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर इस तरह की भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री फैलाना गंभीर अपराध है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जा रही है। साथ ही आम लोगों से अपील की गई है कि वे सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से इस्तेमाल करें और किसी भी अनवेरिफाइड कंटेंट को शेयर करने से बचें।

निष्कर्ष:
निष्कर्ष के तौर पर कहा जा सकता है कि यह मामला डिजिटल युग में AI और सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल की गंभीरता को दर्शाता है। जांच एजेंसियां ऐसे मामलों पर लगातार निगरानी रख रही हैं ताकि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर फर्जी और भ्रामक कंटेंट पर रोक लगाई जा सके।