Leander Paes Join BJP: लिएंडर पेस भारत के सबसे सफल टेनिस खिलाड़ियों में गिने जाते हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। अब उनका
राजनीति में आना चर्चा का विषय बन गया है। पेस पहले तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) से जुड़े थे, लेकिन बाद में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया।
ऐसे में सवाल उठता है कि उनके भाजपा में आने से पार्टी को कितना फायदा हो सकता है।
सबसे पहले, पेस की छवि की बात करें तो वे एक ईमानदार, मेहनती और सफल खिलाड़ी के रूप में जाने जाते हैं। खेल के मैदान में उनकी उपलब्धियां और देश के लिए
उनका योगदान उन्हें एक सम्मानित चेहरा बनाते हैं। भाजपा के लिए यह एक बड़ा प्लस पॉइंट है, क्योंकि पार्टी को एक साफ-सुथरी और सकारात्मक छवि वाले व्यक्ति
का साथ मिलता है। इससे खासकर शहरों में रहने वाले पढ़े-लिखे और युवा लोगों के बीच पार्टी की छवि बेहतर हो सकती है।
दूसरा बड़ा पहलू है “सेलिब्रिटी फैक्टर”। भारत में फिल्मी सितारों और खिलाड़ियों का राजनीति में आना कोई नई बात नहीं है। जब कोई बड़ा नाम किसी पार्टी से जुड़ता है, तो वह मीडिया और जनता का ध्यान अपनी ओर खींचता है। पेस भी एक जाना-पहचाना चेहरा हैं, इसलिए उनके भाजपा में आने से पार्टी को प्रचार में मदद मिल सकती है। चुनाव के समय वे रैलियों में लोगों को आकर्षित कर सकते हैं और पार्टी का संदेश ज्यादा लोगों तक पहुंचा सकते हैं।
तीसरा, पेस के जुड़ने से भाजपा को खेल जगत से जुड़ाव दिखाने का मौका मिलता है। भारत में खेलों को लेकर लोगों में उत्साह बढ़ रहा है और सरकारें भी खेलों को बढ़ावा देने की बात करती हैं। ऐसे में एक बड़े खिलाड़ी का पार्टी में होना यह संदेश देता है कि पार्टी खेल और खिलाड़ियों के हितों को समझती है। इससे खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों के बीच एक सकारात्मक माहौल बन सकता है।
हालांकि, यह भी समझना जरूरी है कि पेस के आने से भाजपा को सीधे-सीधे बहुत बड़ा चुनावी फायदा मिलना तय नहीं है। भारत की राजनीति में चुनाव जीतने के लिए कई अन्य कारक ज्यादा महत्वपूर्ण होते हैं, जैसे स्थानीय मुद्दे, उम्मीदवार की पकड़, संगठन की ताकत और जनता से जुड़ाव। एक सेलिब्रिटी का असर आमतौर पर सीमित ही रहता है | पेस का प्रभाव कुछ खास क्षेत्रों में ज्यादा देखा जा सकता है, जहां उनका व्यक्तिगत जुड़ाव रहा है, जैसे गोवा या कोलकाता। अगर वे इन जगहों पर सक्रिय राजनीति करते हैं, तो वहां भाजपा को थोड़ा बहुत फायदा मिल सकता है।
कहा जा सकता है कि लिएंडर पेस का भाजपा में शामिल होना पार्टी के लिए इमेज और प्रचार के लिहाज से फायदेमंद है। इससे पार्टी को एक सम्मानित और लोकप्रिय चेहरा मिला है। लेकिन इसे बहुत बड़ा चुनावी बदलाव लाने वाला कदम कहा जा सकता।