- रेलवे के आधुनिकीकरण से बदली परिवहन व्यवस्था
- मानव रहित क्रॉसिंग पर सुरक्षा के इंतजाम मजबूत
- ओवरब्रिज और अंडरपास से दुर्घटनाओं में रोकथाम
- मालगाड़ियों के लिए विकसित की गई अलग रेल लाइन
- मेमू सेवाओं से किसानों और विद्यार्थियों को राहत
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Yogi Adityanath on Railway Modernization: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारतीय रेल आधुनिक बुनियादी ढांचे के साथ तेजी से आगे बढ़ रही है। रेलवे में किए गए सुधारों से रेल यात्रा पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित और समयबद्ध हुई है। यात्री सुविधाओं के विस्तार के साथ रेल नेटवर्क की क्षमता बढ़ाने पर भी काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि रेलवे के आधारभूत ढांचे में सुधार का सीधा लाभ आम नागरिकों को मिल रहा है। इससे लोगों के समय और श्रम की बचत हो रही है।
मुख्यमंत्री ने ये बातें वाराणसी में वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस और मेमू ट्रेन सेवाओं की शुरुआत के अवसर पर कहीं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि रेलवे में आधुनिक सुविधाओं का विस्तार आम लोगों के लिए महत्वपूर्ण है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, नई रेल सेवाओं से किसानों, नौजवानों, अधिवक्ताओं, व्यापारियों और महिलाओं को कम खर्च में यात्रा करने का अवसर मिलेगा।
मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग पर सुरक्षा के इंतजाम
योगी आदित्यनाथ ने रेलवे में सुरक्षा के लिए किए गए बदलावों का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग पर दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती थी। अब ऐसी जगहों पर रेलवे ओवरब्रिज और अंडरपास जैसी व्यवस्थाओं का विकास किया गया है। इससे लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिली है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन व्यवस्थाओं से जान-माल की सुरक्षा के साथ-साथ समय की भी बचत होती है। रेलवे क्रॉसिंग पर इंतजार और दुर्घटनाओं की आशंका कम करने के लिए आधारभूत ढांचे में सुधार किया गया है। उनके मुताबिक, रेलवे का आधुनिकीकरण केवल नई ट्रेनों के संचालन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सुरक्षा व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाना भी शामिल है।
मालगाड़ियों के लिए अलग रेल लाइन से बढ़ी दक्षता
मुख्यमंत्री ने माल परिवहन के लिए विकसित किए गए अलग रेल मार्गों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि मालगाड़ियों के लिए अलग रेल लाइन विकसित किए जाने से माल परिवहन की गति और दक्षता में सुधार हुआ है। इससे यात्री ट्रेनों और मालगाड़ियों के संचालन को बेहतर बनाने में मदद मिली है।
योगी आदित्यनाथ के अनुसार, पहले मालगाड़ियों को सीमित रेल लाइन पर यात्री ट्रेनों के साथ संचालन करना पड़ता था। अलग कॉरिडोर विकसित होने से मालगाड़ियों को अपना मार्ग मिला है। इससे माल परिवहन की व्यवस्था को गति देने और रेल नेटवर्क के बेहतर उपयोग में मदद मिली है। उन्होंने कहा कि ट्रेनों की गति बढ़ने से विभिन्न शहरों के बीच यात्रा का समय भी कम हुआ है।
मेमू सेवाओं से हर वर्ग को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेल सुविधाओं का विस्तार केवल लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। स्थानीय स्तर पर आवागमन करने वाले लोगों को भी बेहतर और किफायती विकल्प मिलने चाहिए। उन्होंने कहा कि मेमू ट्रेन सेवाओं से किसान, नौजवान, अधिवक्ता, व्यापारी और महिलाएं कम खर्च में यात्रा कर सकेंगे।
उन्होंने विशेष रूप से दैनिक यात्रियों की जरूरतों का उल्लेख किया। स्थानीय रेल सेवाओं के विस्तार से कामकाज, शिक्षा और अन्य जरूरी गतिविधियों के लिए रोजाना यात्रा करने वाले लोगों को सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इन सेवाओं का उद्देश्य आसपास के क्षेत्रों के बीच आवागमन को सुगम बनाना है।
आधुनिक बुनियादी ढांचे से बदल रही रेलवे की पहचान
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारतीय रेल में आधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास तेजी से हो रहा है। रेलवे में सुरक्षा, संचालन और यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों से परिवहन व्यवस्था मजबूत हुई है। उन्होंने कहा कि रेल यात्रा अब अधिक सुरक्षित और समयबद्ध हो रही है।
मुख्यमंत्री ने रेलवे के इन बदलावों को आम नागरिकों के जीवन से जोड़ते हुए कहा कि बेहतर रेल सुविधाओं से समय की बचत होती है और लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में आसानी होती है। माल परिवहन के लिए अलग लाइन और रेलवे क्रॉसिंग पर सुरक्षा के इंतजाम जैसे कदम रेल नेटवर्क की समग्र क्षमता को बढ़ाते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के नेतृत्व में रेलवे का आधुनिकीकरण आगे बढ़ रहा है। नई सुविधाओं का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचना चाहिए। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि रेलवे के आधारभूत ढांचे में हो रहे सुधारों से यात्रियों और माल परिवहन दोनों को लगातार बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।