Smit Machchhar Airlifted to Dubai: तबुक से दुबई लाए गए कैप्टन स्मित माछर, जानें अब कैसी है सेहत

Smit Machchhar Airlifted to Dubai: तबुक से दुबई लाए गए कैप्टन स्मित माछर, जानें अब कैसी है सेहत
Highlights
• कैप्टन स्मित माछर को तबूक से दुबई एयरलिफ्ट किया गया
• गंभीर चोट के बाद भी उनकी हालत स्थिर बताई गई
• फ्लाइट में 174 लोग सवार थे, सभी यात्री सुरक्षित रहे
• पीएम मोदी और इजरायली पीएम नेतन्याहू ने स्मित के साहस की तारीफ की
• कॉकपिट में हमले और विमान को कथित तौर पर गिराने की कोशिश की जांच जारी है

फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित माछर को आगे के इलाज के लिए सऊदी अरब के तबूक से दुबई लाया गया है। फ्लाइट एफजेड 1073 में हुए हमले के दौरान वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। तबूक के अस्पताल में उनका इलाज और सर्जरी हुई, जिसके बाद अब उन्हें दुबई शिफ्ट किया गया है।

भारतीय दूतावास के मुताबिक स्मित माछर की हालत स्थिर है। भारतीय अधिकारी उनके परिवार के साथ-साथ सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात के अधिकारियों के संपर्क में हैं। स्मित का परिवार भी मुंबई से दुबई पहुंच गया है।

तबुक में हुई सर्जरी, अब दुबई में होगा आगे का इलाज

घटना के बाद कैप्टन स्मित माछर को तबूक के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां डॉक्टरों ने उनका इलाज किया और उनकी सर्जरी भी हुई।

इसके बाद आगे के इलाज के लिए उन्हें विमान के जरिए दुबई लाया गया। फिलहाल डॉक्टर उनकी सेहत पर नजर रख रहे हैं। भारतीय दूतावास के मुताबिक उनकी स्थिति स्थिर है।

मुंबई से दुबई पहुंचा स्मित माछर का परिवार

कैप्टन स्मित माछर मुंबई के रहने वाले हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद उनके परिवार के सदस्य भी दुबई पहुंच गए हैं।

तबूक में शुरुआती इलाज और सर्जरी के बाद स्मित को दुबई लाने का फैसला किया गया। इलाज के दौरान उनके परिवार को जरूरी मदद उपलब्ध कराने के लिए भारतीय अधिकारी संबंधित अधिकारियों के संपर्क में हैं।

फ्लाईदुबई की उड़ान में आखिर हुआ क्या था?

बुधवार को कैप्टन स्मित माछर फ्लाईदुबई की उड़ान एफजेड 1073 के कैप्टन थे। यह विमान दुबई से तेल अवीव जा रहा था और इसमें कुल 174 लोग सवार थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इनमें 166 इजराइली थे।

उड़ान के दौरान कॉकपिट में मौजूद सह-पायलट ने कथित तौर पर स्मित पर हमला कर दिया। इस हमले में स्मित गंभीर रूप से घायल हो गए। इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के मुताबिक, सह-पायलट ने इसके बाद विमान को गिराने की भी कथित कोशिश की।

घटना के पीछे असली मकसद क्या था, इसकी जांच अभी जारी है।

घायल होने के बावजूद स्मित ने खोला कॉकपिट का दरवाजा

इजराइली प्रधानमंत्री के प्रवक्ता डोरोन स्पीलमैन के मुताबिक, हमले के बाद स्मित खून से लथपथ हालत में कॉकपिट के फर्श पर पड़े थे। गंभीर चोट के बावजूद उन्होंने बची हुई ताकत जुटाकर कॉकपिट का दरवाजा खोलने वाला बटन दबाया।

दरवाजा खुलने के बाद यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को कॉकपिट में पहुंचने का मौका मिला। इसके बाद हमलावर सह-पायलट को काबू कर लिया गया।

करीब एक मिनट में 17 हजार फीट नीचे आया विमान

कॉकपिट में यह घटनाक्रम चल रहा था, तभी विमान तेजी से नीचे आने लगा। फ्लाइटरडार 24 के आंकड़ों के मुताबिक विमान ने करीब एक मिनट में लगभग 17 हजार फीट की ऊंचाई खो दी थी।

विमान के अचानक नीचे आने से यात्रियों में डर फैल गया। कुछ यात्रियों ने कॉकपिट तक पहुंचकर हालात संभालने में मदद की। इसके बाद विमान को तेल अवीव के बजाय सऊदी अरब के तबूक की तरफ मोड़ दिया गया।

विमान में मौजूद दो अन्य पायलटों ने संभाली मदद

फ्लाईदुबई के दो अन्य पायलट उसी विमान में यात्री के तौर पर सफर कर रहे थे और उस समय उनकी ड्यूटी नहीं थी। हमलावर को काबू किए जाने के बाद इन पायलटों ने विमान संभालने में मदद की।

इसके बाद विमान को तबूक में सुरक्षित उतार लिया गया। फ्लाईदुबई के मुताबिक विमान में मौजूद सभी यात्री सुरक्षित रहे।

पीएम मोदी और नेतन्याहू ने की स्मित की तारीफ

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैप्टन स्मित माछर की बहादुरी की तारीफ करते हुए उन्हें 'हीरो' बताया। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद स्मित ने दूसरों की जिंदगी बचाने के लिए साहस दिखाया।

इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी स्मित और कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में मदद करने वाले लोगों की तारीफ की।

हमले के मकसद की जांच जारी

इजराइली अधिकारियों ने इस घटना को कथित आतंकी हमले की कोशिश बताया है। हालांकि, सह-पायलट ने हमला क्यों किया और इसके पीछे कोई दूसरा व्यक्ति या संगठन था या नहीं, इसकी जांच अभी जारी है।

फ्लाईदुबई ने भी जांच पूरी होने से पहले घटना के पीछे की वजह को लेकर अटकलें लगाने से बचने की बात कही है। इस बीच कैप्टन स्मित माछर को तबूक से दुबई लाया जा चुका है, जहां उनका आगे का इलाज होगा।