बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा के साथ बदसलूकी के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी नंदन यादव के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक, फरार नंदन यादव और पुलिस के बीच मुठभेड़ हुई। भागने के दौरान नंदन के बाएं पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
इस मामले में पहले तीन आरोपियों को पुलिस पकड़ चुकी थी। अब नंदन और हरेराम यादव को भी पकड़े जाने की जानकारी सामने आई है।
मड़वा पहाड़ में छिपे होने की मिली जानकारी
बताया जा रहा है कि नंदन यादव उसी मड़वा पहाड़ में छिपा हुआ था, जहां यह घटना हुई थी। पुलिस ने जब इलाके की घेराबंदी कर उसे पकड़ने का प्रयास किया तो वह भागने लगा। इसी दौरान पुलिस और नंदन के बीच मुठभेड़ हुई और उसके पैर में गोली लगी।
इस कांड में शामिल पांच आरोपियों को पुलिस ने पकड़ लिया है। आगे की कार्रवाई की जा रही है।
वायरल वीडियो में भगवा गमछे से चेहरा छिपाए शख्स कौन?
वायरल हुए जमुई कांड के वीडियो में एक शख्स भगवा गमछे से अपना चेहरा छिपाए नजर आया था। बताया जा रहा है कि यही शख्स नंदन यादव है। वीडियो में वह लड़की को गोद में उठाकर दौड़ता दिखाई दिया था।
हालांकि इस पहचान को लेकर पुलिस अभी कुछ कहने से बच रही है। जमुई के जिलाधिकारी नवीन कुमार ने कहा है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले की जानकारी दी जाएगी।
दूसरे आरोपी हरेराम यादव का पैर टूटा
नंदन यादव के अलावा हरेराम यादव नाम के एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। उसे भी इलाज के लिए पुलिस सदर अस्पताल लेकर पहुंची।
हरेराम यादव का पैर टूटा हुआ है। उसे गोली लगी है या नहीं, यह अभी स्पष्ट नहीं हुआ है। नंदन यादव और हरेराम यादव दोनों के बालिग होने की बात कही जा रही है।
बीजेपी प्रवक्ता कुंतल कृष्ण ने क्या कहा?
एनकाउंटर के मामले पर बिहार बीजेपी के प्रवक्ता कुंतल कृष्ण ने कहा कि जमुई कांड का मुख्य आरोपी नंदन यादव पुलिस की हिरासत से भागने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान हुई मुठभेड़ में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी।
उन्होंने कहा कि इस केस के सभी आरोपियों की गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। कुंतल कृष्ण के मुताबिक, बहुत जल्द सारे आरोपी कानून की गिरफ्त में होंगे।
उन्होंने कहा, "ऐसे जानवरों के लिए सभ्य समाज में जगह नहीं है। स्पष्ट है कि बिहार में रहना है तो अपराध छोड़ दो नहीं तो अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहो."
19 सितंबर को हुई थी घटना
जमुई के मड़वा पहाड़ की इस घटना में 19 सितंबर को एक किशोरी और उसका साथी दोस्त घूमने के लिए गए थे। लौटते समय शाम में आसपास के लोगों ने उन्हें रोक लिया और दुर्व्यवहार करने लगे। लड़की के साथ बैड टच किया गया। इसके बाद दोनों किसी तरह वहां से निकल गए।
20 सितंबर से इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा।
राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी लिया संज्ञान
इस मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी संज्ञान लिया था। आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने बिहार के पुलिस महानिदेशक यानी डीजीपी को पत्र लिखा था।
पत्र में मामले में तत्काल प्राथमिकी दर्ज करने और सभी आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने का निर्देश दिया गया था।