हाइलाइट्स
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• महिलाओं पर टिप्पणियों वाले पुराने वीडियो फिर वायरल
• सोशल मीडिया पर नकुल को शो से बाहर करने की मांग
• घर के अंदर नकुल ने वायरल वीडियो पर दी सफाई
• कुशल तंवर (गुल्लू) से झड़प के बाद बाहर होने की खबरें, पुष्टि नहीं
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर विपक्षी दलों ने सुप्रीम कोर्ट में कानूनी चुनौती दी है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की कानूनी टीम ने इस मामले में जनहित याचिका दाखिल की है। याचिका में मतदाता सूची से बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने और चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों के आरोप उठाए गए हैं। इसमें कांग्रेस सहित विपक्ष के 11 नेताओं के नाम शामिल हैं।
विपक्षी नेताओं ने SIR प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की है। इस मामले में मंगलवार को सुनवाई होने की संभावना जताई जा रही है।
SIR के खिलाफ याचिका में किन 11 नेताओं के नाम हैं?
सुप्रीम कोर्ट में दाखिल जनहित याचिका में अलग-अलग विपक्षी दलों के 11 नेताओं को शामिल किया गया है। इनमें लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के अलावा तृणमूल कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय जनता दल के नेता भी शामिल हैं।
याचिका में नामित 11 नेता हैं:
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राहुल गांधी — लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष
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मल्लिकार्जुन खरगे — कांग्रेस अध्यक्ष
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सौगत राय — तृणमूल कांग्रेस
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अखिलेश यादव — समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष
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तेजस्वी प्रसाद यादव — राष्ट्रीय जनता दल
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संजय राउत — शिवसेना (यूबीटी)
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एम. ए. बेबी — माकपा
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डी. राजा — भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी
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महुआ माजी — झारखंड मुक्ति मोर्चा
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सुप्रिया सुले — राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार)
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ई. टी. मोहम्मद बशीर — इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग
चुनाव आयोग समेत चार प्रतिवादी बनाए गए
इस याचिका में भारत निर्वाचन आयोग के साथ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू व विवेक जोशी को प्रतिवादी बनाया गया है।
विपक्षी नेताओं ने SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए 'वोट चोरी' के आरोप लगाए हैं। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की है। याचिका में मतदाता सूची से नाम हटाए जाने और चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों से जुड़े मुद्दे उठाए गए हैं।
CJI सूर्यकांत से मुलाकात क्यों नहीं हो पाई?
SIR और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों पर राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे ने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत से मिलने का समय मांगा था। दोनों नेता इस विषय पर ज्ञापन सौंपना चाहते थे।
हालांकि, मुख्य न्यायाधीश ने मुलाकात से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि संबंधित मामले पहले से ही सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन हैं। साथ ही, नेताओं को प्रशासनिक स्तर पर ज्ञापन देने के बजाय न्यायिक प्रक्रिया के तहत याचिका दाखिल करने की सलाह दी।
अब सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर नजर
SIR को लेकर दाखिल जनहित याचिका में मतदाता सूची से बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने और चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के आरोप उठाए गए हैं। याचिका में 11 विपक्षी नेताओं के नाम हैं और निर्वाचन आयोग के चार पदाधिकारियों को प्रतिवादी बनाया गया है।
इस मामले पर मंगलवार को सुनवाई होने की संभावना जताई जा रही है। अब इस याचिका पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई से जुड़े घटनाक्रम पर नजर रहेगी।
